कब्र से निकाला जा सकता है अम्मा का शव

0
109

चेन्नई (एजेंसी):मद्रास हाईकोर्ट ने तमिलनाडु की दिवंगत मुख्यमंत्री जयललिता की मौत के हालात पर शंका जाहिर की है। अदालत ने बृहस्पतिवार को इस संबंध में एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि हमें भी जयललिता की मौत पर श​क है। मामले की सही जांच के लिए हम जरूरत पड़ने पर जयललिता के शव को कब्र से क्यों नहीं निकलवा सकते?’ इस संबंध में कोर्ट ने प्रधानमंत्री कार्यलय और राज्य सरकार को भी नोटिस देकर यही सवाल पूछा है। वहीं, एआईएडीएमके के सीआर सरस्वती ने कहा कि छिपाने के लिए कुछ नहीं है। जस्टिस एस वैद्यनाथन और जस्टिस पार्थिबान की बेंच ने कहा कि इस मामले का सच सामने आना चाहिए।
जब जय​ललिता को अस्पताल में भर्ती कराया गया तब कहा ​गया कि वह पूरी तरह खाना खा रही हैं। हस्ताक्षर कर रही हैं और फिर अगले दिन अचानक कहा जाता है कि उनका निधन हो गया।
यह  कुछ संदेह पैदा करता है। अब इस मामले का सच सामने आना चाहिए। जनता को जानना चाहिए क्या हो रहा है। यहां तक कि उनके संबंधियों को भी उनसे नहीं मिलने दिया गया और वे अब भी अदालत के समक्ष नहीं आए हैं। मुझे व्यक्तिगत तौर पर इस बात में दम लगता है कि यदि मुझे सन्देह है तो मैं मृतक के शव को कब्र से निकालने का आदेश दे सकता हूं और जब वह जीवित थीं तो आपने कुछ भी नहीं बताया।’ जयललिता ने चेन्नई के अपोलो अस्पताल में 5 दिसंबर 2016 को अंतिम सांस ली थी। जयललिता फेफड़ों में संक्रमण की वजह से भी अस्पताल में 75 दिन भर्ती रही थीं। जयललिता की मौत की जांच संबंधी याचिका एआईएडीएमके पार्टी कार्यकर्ता पीए जॉसेफ ने दायर की थी। यह केस अब कोर्ट की नियमित बेंच को सौंपा जाएगा।

उधर, ‘चिन्नम्मा’ बनीं पार्टी प्रमुख
चेन्नई। जयललिता की सहयोगी वीके शशिकला को बृहस्पतिवार को औपचारिक रूप से अन्नाद्रमुक की महासचिव नियुक्त किया गया। इसके साथ ही यह भी साफ हो गया कि फिलहाल जयललिता की राजनीतिक विरासत शशिकला ही संभालेंगी। उनकी नियुक्ति पार्टी की शीर्ष निर्णायक इकाई ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित करके की। जयललिता के निधन के बाद से यह पद खाली था।
पार्टी की जनरल बॉडी की बैठक में जयललिता का नाम अंतर्राष्ट्रीय शांति नोबेल पुरस्कार के लिए भेजने का भी प्रस्ताव पास हुआ। इसके अलावा जयललिता के जन्मदिन को राष्ट्रीय किसान दिवस के रूप में भी मनाने का निर्णय लिया गया।

www.worldmediatimes.com से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए आप हमें Facebook और Twitter पर फॉलो करे! हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें अपने मोबाइल पर World Media Times की Android App